आप अपना अतीत बदल सकते हैं
PhotoCredit: Facebook आप अपना अतीत बदल सकते हैं मानव अस्तित्व अक्सर एक अदृश्य, अटूट बेड़ी में बंधा हुआ प्रतीत होता है: हमारे अतीत का बोझ। हम पछतावे से भरे संस्मरणों, कभी न भरने वाले पुराने घावों और अपने कर्मों के उस अनसुलझे प्रभाव को ढोते रहते हैं जो हमारे वर्तमान में निरंतर गूंजता रहता है। हममें से अधिकतर लोग यही मानते हैं कि अतीत पत्थर की लकीर है—स्थिर, अपरिवर्तनीय और हमेशा के लिए यह तय करने वाला कि हम कौन हैं। फिर भी, आध्यात्मिक ज्ञान एक गहरा सत्य उजागर करता है: समय सीधा या रैखिक (linear) नहीं है। चेतना के उच्च स्तरों पर समय कल से आने वाले कल की ओर सीधी रेखा में नहीं चलता। यह स्पंदन, अनुनाद और ऊर्जा का एक अनंत विस्तार है। जिसे हम "अतीत" मानते हैं, वह वास्तव में किसी अभेद्य दीवार के पीछे छिपा कोई दूर का युग नहीं है; वह यहीं और अभी हमारे सूक्ष्म ऊर्जा शरीरों में अनसुलझे संस्कारों, मानसिक धारणाओं और भावनात्मक प्रभावों के रूप में जीवित है। चूँकि आपका अतीत आपकी वर्तमान चेतना में एक सक्रिय ऊर्जावान छाप के रूप में मौजूद है, इसलिए जैसे ही आप उस आंतरिक ऊर्जा को रूपांतरित करते हैं...